ग्राम प्रधान संगठन द्वारा अपनी 10 सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन ।
*मेरो पहाड़*
प्रदेश प्रधान संगठन उत्तराखंड के तत्वावधान में अपनी 10 सूत्रीय मांगों का निराकरण न किए जाने के विरोध में चम्पावत ब्लॉक के ग्राम प्रधानों ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा । चम्पावत ग्राम प्रधान संगठन की ब्लॉक अध्यक्ष और ग्राम पंचायत चंदनी की ग्राम प्रधान प्रमिला ज्याल के नेतृत्व में आज दर्जनों प्रधानों ने खंड विकास अधिकारी चम्पावत के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री उत्तराखंड सरकार को ज्ञापन भेजा ।ज्ञापन में कहा गया है कि विगत चार माह से प्रदेश प्रधान संगठन द्वारा मुख्यमंत्री से मुलाकात कर 10 सूत्रीय मांगपत्र सौंपा गया था, लेकिन आज तक सरकार द्वारा कोई निर्णय नहीं लिया गया है। ज्ञापन में ग्राम प्रधानों को न्यूनतम 20 हजार रुपए प्रतिमाह मानदेय दिए जाने , ग्रामनरेगा / V-B-G RAM G योजना में श्रमिकों की उपस्थिति को पूर्ण रूप से ऑफलाइन किया जाने , ग्राम पंचायतों के राज्य वित्त / केंद्रीय वित्त की धनराशि को जनसंख्या व भौगोलिक क्षेत्रफल के अनुसार बढ़ाये जाने, जिला योजना मद में पास होने वाले विकास कार्यों के प्रस्ताव ग्राम पंचायतों की खुली बैठक में अनिवार्य रूप से पारित करवाये जाने व जिला योजना की बैठक में ग्राम प्रधान संगठन को भी नामित सदस्य के रूप में आमंत्रित किये जाने , पंचायतीराज एक्ट में पारित सभी 29 विभागों को अतिशीघ्र ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित किये जाने सहित 10 सूत्रीय मागे रखी गयी उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र मांगों पर निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेश के समस्त ग्राम प्रधान आंदोलन के लिए बाध्य होंगे । इस अवसर पर ब्लाक अध्यक्ष प्रमिला ज्याला, कुमाऊँ मण्डल महामंत्री – इन्द्रदेव विश्वकर्मा,कैलाश गिरी ब्लाक संगठन महामंत्री,हरीश सिंह सेठी – ब्लाक संगठन कोषाध्यक्ष, बबीता गोस्वामी ,संजय कुमार,दीपक गिरी, गरीमा भट्ट,जानकी, मीना कार्की,तुलसी जोशी,निर्मला पाण्डेय, प्रियंका, कविता, और आदि लोग मौजूद रहे






